यहां पढ़ें मां कमला स्तोत्र संस्कृत में – Kamla Stotra
यहां पढ़ें मां कमला स्तोत्र संस्कृत में – Kamla Stotra : यहां कमला स्तोत्र (Kamla Stotra) संस्कृत में दिया गया है।
यहां पढ़ें मां कमला स्तोत्र संस्कृत में – Kamla Stotra : यहां कमला स्तोत्र (Kamla Stotra) संस्कृत में दिया गया है।
यहां पढ़ें मां कमला सहस्रनाम स्तोत्र संस्कृत में – kamala sahasranamam : यहां दशमहाविद्या में से दसवीं महाविद्या कमला के सहस्र नामों वाला स्तोत्र अर्थात कमला सहस्र नाम स्तोत्र (Kamla sahasranamam) संस्कृत में दिया गया है।
यहां पढ़ें मां मातंगी सहस्रनाम स्तोत्र संस्कृत में – matangi sahasranam : यहां नन्द्यावर्त्ततन्त्रोक्त श्रीमातङ्गी सहस्रनाम स्तोत्र (matangi sahasranam stotram) संस्कृत में दिया गया है।
यहां पढ़ें मां मातंगी शतनाम स्तोत्र संस्कृत में – matangi shatanama stotram : यहां रुद्रयामलोक्त श्रीमातङ्गी शतनाम स्तोत्र एवं कालीविलासतन्त्रोक्त श्रीमातङ्गी शतनाम स्तोत्र दोनों मातंगी शतनाम स्तोत्र (matangi shatanama stotram) संस्कृत में दिया गया है।
यहां पढ़ें मां मातंगी हृदय स्तोत्र संस्कृत में – matangi hridaya stotra : यहां दक्षिणामूर्तिसंहितोक्त मातंगी हृदय स्तोत्र (matangi hridaya stotra) संस्कृत में दिया गया है।
यहां पढ़ें मां मातंगी कवच स्तोत्र संस्कृत में – matangi kavach : यहां रुद्रयामलोक्त मातंगी कवच सहित दो अन्य मातंगी कवच (matangi kavach) भी संस्कृत में दिया गया है।
यहां पढ़ें मां मातंगी स्तोत्र संस्कृत में – matangi stotra : दशमहाविद्या में नौवीं महाविद्या मातंगी नाम से जानी जाती हैं। शिव की यह शक्ति असुरों को मोहित करने वाली और साधकों को अभिष्ट फल देने वाली है। गृहस्थ जीवन को श्रेष्ठ-सुख-शांति युक्त बनाने के लिए लोग इनकी पूजा करते हैं। इनकी जयंती अक्षय तृतीया को मनायी जाती है।
यहां पढ़ें मां बगलामुखी ब्रह्मास्त्र संस्कृत में – Baglamukhi Brahmastra : माता बगलामुखी ब्रह्मास्त्र माला मन्त्र का विशेष महत्त्व होता है। यहां बगलामुखी ब्रह्मास्त्र (Baglamukhi Brahmastra) संस्कृत में दिया गया है।
यहां पढ़ें शत्रु नाशक बगलामुखी कवच स्तोत्र संस्कृत में – baglamukhi shatru nashak kavach : मां बगलामुखी के अनेकों कवच स्तोत्र हैं जिनमें से तीन कवच स्तोत्र पूर्व प्रकाशित है। मां बगलामुखी की उपासना मुख्य रूप से शत्रु पर विजय प्राप्ति की कामना से की जाती है और इसमें शत्रु विनाशक कवच स्तोत्र का पाठ बहुत ही लाभकारक होता है।
यहां पढ़ें मां बगलामुखी हृदय स्तोत्र संस्कृत में – baglamukhi hridaya stotra : पीताम्बराविद्या के नाम विख्यात बगलामुखी महाविद्या की साधना प्रायः शत्रुभय से मुक्ति और वाकसिद्धि के लिये की जाती है। इनकी उपासना में हल्दी की माला, पीले फूल और पीले वस्त्रों का विधान बताया गया है। मां बगलामुखी भक्तों जिसके लिए जो उनकी पूजा-अराधना आदि करता है, उनके शरण में जाता है उसे निर्भयता प्रदान करती हैं। विजय कामना से अनेकों देवी-देवताओं की उपासना की जा सकती हैं किन्तु बगलामुखी की उपासना विशेष फलकारक होती है।