फादर्स डे, मदर्स डे मातृ-पितृभक्ति या बौद्धिक दरिद्रता ?
पितृ दिवस (फादर्स डे) और मातृ दिवस (मदर्स डे) के नाम पर फैली वैचारिक दासता का खण्डन। सांवत्सरिक श्राद्ध और महालय पितृपक्ष के शास्त्रोक्त दायित्वों पर को उजागर करने वाला महत्वपूर्ण आलेख।
पितृ दिवस (फादर्स डे) और मातृ दिवस (मदर्स डे) के नाम पर फैली वैचारिक दासता का खण्डन। सांवत्सरिक श्राद्ध और महालय पितृपक्ष के शास्त्रोक्त दायित्वों पर को उजागर करने वाला महत्वपूर्ण आलेख।
अशौच (सूतक) काल में अस्थिसञ्चय के समय वेदमन्त्र प्रयोग की प्रामाणिक शास्त्रीय सिद्धि। “तदपि ग्राह्यं” और “त्यागेन लब्धं” सूत्रों के आलोक अन्वेषण और श्रीरामकृत श्राद्ध विमर्श।
पण्डित दिगम्बर झा कृत “सिद्धं सुसिद्धं श्राद्धं” (प्रथम संस्करण – गंगादशहरा २०८३)। वाजसनेयी परम्परा के अनुसार आद्यश्राद्ध, तन्त्र मासिक, सपिण्डीकरण, सांवत्सरिक एकोद्दिष्ट, अस्थिसंचय एवं वृषोत्सर्ग विधि का प्रामाणिक ऐतिहासिक-शास्त्रीय विमर्श।
क्या अधिकमास (मलमास) में एकादशाह को वृषोत्सर्ग करना चाहिए? जानें काम्य और नैमित्तिक वृषोत्सर्ग का शास्त्रीय भेद तथा पंडित दिगम्बर झा का प्रामाणिक व अकाट्य निर्णय।