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संपूर्ण कर्मकांड विधि

संपूर्ण कर्मकांड विधि

शास्त्रों में स्पृश्यास्पृश्यता विचार: शुद्धि-मर्यादा, स्पर्श-निषेध और प्रायश्चित्त का संपूर्ण शास्त्रीय प्रमाण संग्रह

शास्त्रों में स्पृश्यास्पृश्यता विचार: शुद्धि-मर्यादा, स्पर्श-निषेध और प्रायश्चित्त का संपूर्ण शास्त्रीय प्रमाण संग्रह

मनु, अत्रि, पराशर, आपस्तम्ब और देवल स्मृतियों के प्रमाणों के साथ स्पृश्यास्पृश्यता (स्पर्श-अस्पर्श) विचार। उच्छिष्ट संस्पर्श, म्लेच्छ संपर्क, रजस्वला स्पर्श दोष, और सार्वभौमिक अपवादों (उत्सव, देवयात्रा) पर एक प्रामाणिक शोध संग्रह।

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भविष्यपुराणोक्त श्री सत्यनारायण व्रत कथा संस्कृत में

भविष्यपुराणोक्त श्री सत्यनारायण व्रत कथा संस्कृत में

“भगवान श्रीसत्यनारायण की भविष्य पुराणोक्त षडध्यायी (६ अध्याय) कथा का संपूर्ण संस्कृत पाठ। जानें क्यों है कलियुग में संस्कृत भाषा में कथा श्रवण अनिवार्य और क्या हैं इसके अलौकिक लाभ। काशी के सदानन्द ब्राह्मण और राजा चन्द्रचूड के दिव्य प्रसंगों के माध्यम से दरिद्रता निवारण, पुत्र प्राप्ति और संकट मुक्ति का शास्त्रोक्त मार्ग। कर्मकाण्ड की मर्यादा और कथा श्रवण के गुप्त नियमों के साथ एक अत्यंत महत्वपूर्ण प्रस्तुति।”

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भविष्यपुराणोक्त सत्यनारायण व्रत पूजा कथा - Satyanarayan Vrat Puja Katha

भविष्यपुराणोक्त सत्यनारायण व्रत पूजा कथा – Satyanarayan Vrat Puja Katha

“भविष्यपुराण के अनुसार श्रीसत्यनारायण व्रत की प्रामाणिक विधि। जानें पंच-कलश स्थापन, स्वर्णयुक्त शालिग्राम पूजन, और कर्माधिकार के वे सूक्ष्म नियम जो सामान्यतः लुप्त हो चुके हैं। प्रातः संकल्प से लेकर प्रसाद वितरण तक का शास्त्रीय विश्लेषण।”

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स्वाधीनता शताब्दी पूर्व ही भारत में गृहयुद्ध कैसे आरम्भ हो गया ?

स्वाधीनता शताब्दी पूर्व ही भारत में गृहयुद्ध कैसे आरम्भ हो गया ?

क्या भारत में गृहयुद्ध आरम्भ हो चुका है? UGC रेगुलेशन, सवर्णों का संवैधानिक उत्पीड़न और ‘लोकतांत्रिक गृहयुद्ध’ के अदृश्य स्वरूप का गहन विश्लेषण। जानिए कैसे स्वाधीनता की शताब्दी से पूर्व ही भारत एक बड़े हिंसक संघर्ष की ओर बढ़ रहा है।

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संसर्गान्नश्यति तेजः - स्मृतियों और पुराणों के आलोक में संसर्ग दोष एवं कलिकाल के नियम

संसर्गान्नश्यति तेजः – स्मृतियों और पुराणों के आलोक में संसर्ग दोष एवं कलिकाल के नियम

संसर्ग दोष क्या है? जानें मनु, पराशर और देवल स्मृतियों के प्रमाणों के साथ कि कैसे बातचीत, स्पर्श और सह-भोजन से पाप संक्रमित होता है। कलियुग के विशेष नियम ‘कलौ पतति कर्मणा’ पर विस्तृत शास्त्रीय आलेख।

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क्या स्वतंत्रता असीमित है ?

क्या स्वतंत्रता असीमित है ?

“क्या संविधान प्रदत्त स्वतंत्रता असीमित है? जानें— स्वतंत्रता और स्वेच्छाचारिता के बीच का सूक्ष्म अंतर, और कैसे व्यापार जगत व राजनीति मिलकर भारतीय परिवार तंत्र को नष्ट कर रहे हैं। ‘माय बॉडी माय च्वाइस’ के नारों के पीछे छिपे उपभोक्तावाद और वर्णसंकरता के षड्यंत्र पर एक तीक्ष्ण विश्लेषण।”

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देश, काल, परिस्थिति, मिथिला व्यवहार, देशाचार, लोकाचार, कुलाचार आदि के दुरुपयोग

देश, काल, परिस्थिति, मिथिला व्यवहार, देशाचार, लोकाचार, कुलाचार आदि के दुरुपयोग

“क्या ‘देश-काल-परिस्थिति’ के नाम पर आप भी शास्त्र विरुद्ध कर्म कर रहे हैं? जानें— लोकाचार, कुलाचार और देशाचार का वास्तविक शास्त्रीय अर्थ क्या है और कैसे अज्ञानी लोग इनका दुरुपयोग कर रहे हैं। मनुस्मृति, भविष्य पुराण और याज्ञवल्क्य स्मृति के प्रमाणों के साथ एक तीक्ष्ण विश्लेषण।”

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यथानामगोत्रायब्राह्मणाय का रहस्य : पुरोहित अपने नाम और गोत्र का उच्चारण करके दान-दक्षिणा क्यों नहीं लेते ?

यथानामगोत्रायब्राह्मणाय का रहस्य : पुरोहित अपने नाम और गोत्र का उच्चारण करके दान-दक्षिणा क्यों नहीं लेते ?

“मिथिला के पुरोहित अपने नाम-गोत्र का उच्चारण क्यों नहीं करते? जानें ‘यथानामगोत्राय ब्राह्मणाय’ के प्रयोग के पीछे का शास्त्रीय रहस्य। प्रतिग्रह दोष, ब्राह्मण की पात्रता और दर्भबटु (कुश ब्राह्मण) के विकल्प पर एक प्रमाणिक शोधपूर्ण आलेख।”

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श्राद्ध में पुरोहित को भी दान क्यों किया जाता है ?

श्राद्ध में पुरोहित को भी दान क्यों किया जाता है ?

“श्राद्ध में पुरोहित को दान देने का रहस्य क्या है? गरुड़पुराण के प्रमाणों के साथ जानें— महापात्र और पुरोहित के दान में अंतर, और सामान्योत्सर्ग के लिए एकादशाह बनाम द्वादशाह का सटीक निर्णय। कर्मकाण्ड के गूढ़ प्रश्नों पर एक शास्त्रीय विश्लेषण।”

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अशौच विधान - प्रमाण संकलन

अशौच विधान – प्रमाण संकलन

जनन-मरण अशौच (सूतक-पातक) पर आधारित विस्तृत शास्त्र प्रमाण संकलन। मनुस्मृति, पराशर स्मृति और विभिन्न पुराणों के मूल श्लोकों के साथ जानें—किस वर्ण के लिए कितने दिन का अशौच है और किन परिस्थितियों में सद्य:शौच (तत्काल शुद्धि) का विधान है।

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